सोकर उठने पर आंखों में जमा मिलता है चिपचिपा पदार्थ, खतरे की घंटी बजाता है इसका रंग

सुबह नींद से उठते ही अगर पलकों के किनारे सफेद या हल्का पीला चिपचिपा पदार्थ जमा दिखाई दे, तो हर बार इसे बीमारी नहीं माना जाता। रातभर आंखें बंद रहने के दौरान आंसू, म्यूकस, तेल और आंखों की सतह से निकलने वाले छोटे-छोटे पार्टिकल्स मिलकर जमा हो सकते हैं। इसी वजह से सुबह पलकों पर हल्की परत या चिपचिपाहट महसूस हो सकती है। लेकिन अगर डिसचार्ज बहुत ज्यादा हो, बार-बार आंखें चिपकें, आंख लाल हो, खुजली, दर्द, सूजन या धुंधला दिखाई देने लगे, तो इसके पीछे कंजक्टिवाइटिस, एलर्जी या आंखों का सूखापन जैसी समस्या हो सकती है।

सुबह उठने पर आंखों में चिपचिपा पदार्थ क्यों जमा होता है?

हमारी आंखों की सतह पर लगातार टियर फिल्म बनी रहती है। इसमें पानी के साथ ऑयल और म्यूकस की भी भूमिका होती है। यह फिल्म आंखों को नम रखने, सतह को नरम बनाए रखने और बाहरी पार्टिकल्स से बचाने में मदद करती है। दिन में पलक झपकने से यह फ्लूइड आंखों की सतह पर फैलता और साफ होता रहता है।